नई दिल्ली : अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव के चलते होर्मुज जलडमरूमध्य को लेकर वैश्विक चिंता सातवें आसमान पर पहुंच गई है। ऐसे में चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग के एक हालिया बयान ने इस पूरे मामले में और ज्यादा चर्चा तेज कर दी है। पूरी बात को ऐसे समझिए कि ईरान के समर्थन में खुलकर सामने जिनपिंग ने एक तरफ तो सभी देशों से शांति और संतुलन बनाए रखने की अपील की है। दूसरी ओर अमेरिका को दो टूक अंदाज में यह कह दिया कि इस क्षेत्र के सभी देशों की संप्रभुता (आजादी), सुरक्षा और सीमाओं का सम्मान किया जाना चाहिए।
जिनपिंग ने यह बात बीजिंग में संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) के क्राउन प्रिंस खालिद बिन मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान से मुलाकात के दौरान कही। उन्होंने कहा कि किसी भी देश के लोगों, संस्थानों और संसाधनों की सुरक्षा सुनिश्चित की जानी चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि सभी देशों को मिलकर ऐसा सुरक्षा ढांचा बनाना चाहिए जिससे पूरे पश्चिम एशिया और खाड़ी क्षेत्र में स्थिरता बनी रहे।

