नई दिल्ली: भारतीय जनता पार्टी (BJP) के राष्ट्रीय प्रवक्ता शहजाद पूनावाला ने कर्नाटक की कांग्रेस सरकार पर जमकर निशाना साधा है। उन्होंने सोशल मीडिया पर पोस्ट शेयर करते हुए कहा है कि कर्नाटक की कांग्रेस सरकार देश-विरोधियों का साथ दे रही है।
भव्य कार्यक्रम की दी अनुमति पूनावाला ने कहा कि कर्नाटक की कांग्रेस सरकार खुलेआम देश-विरोधियों को बचा रही है! कल बेंगलुरु में जेल में बंद उमर खालिद का महिमामंडन करने के लिए एक भव्य कार्यक्रम की अनुमति दी गई है। वही व्यक्ति जिसे सुप्रीम कोर्ट ने बार-बार जमानत देने से इनकार किया है, और UAPA के तहत 2020 के दिल्ली दंगों की साजिश में उसकी भूमिका को ‘मुख्य’ और ‘प्रमुख सूत्रधार’ बताया है।
शहजार पूनावाला ने अपने पोस्ट में आगे लिखा है कि यह वही उमर खालिद है, जिसने खुलेआम कश्मीर को ‘भारत का कब्जा किया हुआ’ बताया था। क्या कर्नाटक की कांग्रेस सरकार अब खुलेआम अलगाववाद का समर्थन कर रही है? शर्मनाक! यह NC (इंडियन नेशनल कांग्रेस) नहीं, बल्कि ANC (एंटी नेशनल कांग्रेस) है। शरजील से लेकर उमर तक, याकूब से लेकर अफजल तक ये हर किसी का समर्थन करते हैं। लेकिन PM मोदी आतंकवादी हैं?
दिल्ली के रहने वाले उमर खालिद के पिता स्टूडेंट्स इस्लामिक मूवमेंट ऑफ इंडिया (SIMI) के सदस्य और वेलफेयर पार्टी ऑफ इंडिया के राष्ट्रीय अध्यक्ष रहे हैं। दिल्ली यूनिवर्सिटी से बैचलर्स डिग्री लेने के बाद उमर खालिद ने जेएनयू का रुख किया। यहां से मास्टर्स और एम.फिल करने के बाद उन्होंने पीएचडी भी पूरी कर ली है। पढ़ाई के साथ-साथ खालिद की दिलचस्पी ऐक्टिविज्म में भी रही है। वह छात्रनेता रहे हैं और कई सार्वजनिक मंचों से केंद्र की बीजेपी सरकार पर तीखे हमले करते रहे हैं।
दिल्ली दंगों की साजिश रचने का आरोप
दिल्ली पुलिस के मुताबिक उनके पास खालिद के खिलाफ पर्याप्त सबूत हैं। एफआईआर में सब-इंस्पेक्टर अरविंद कुमार ने एक इन्फॉर्मर के हवाले से कहा कि उमर खालिद ने किसी दानिश नाम के शख्स और दो अन्य लोगों के साथ मिलकर दिल्ली दंगों की साजिश रची थी। एफआईआर के अनुसार, खालिद ने कथित तौर पर दो अलग-अलग जगहों पर भड़काऊ भाषण दिए। FIR कहती है कि खालिद ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की भारत यात्रा के दौरान नागरिकों से बाहर निकलकर सड़कें ब्लॉक करने को कहा ताकि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रॉपेगैंडा फैलाया जा सके।
वित्तीय मदद का दिया था भरोसा
दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने आम आदमी पार्टी के निलंबित पार्षद ताहिर हुसैन के खिलाफ दाखिल चार्जशीट में कहा था कि दंगों से पहले हुसैन ने उमर खालिद और ‘यूनाइटेड अगेंस्ट हेट’ के खालिद सैफी से मुलाकात की थी। इस मीटिंग में उमर ने हुसैन से कहा कि ‘ट्रंप की यात्रा के वक्त कुछ बड़ा/दंगों के लिए तैयार रहें।’ चार्जशीट के अनुसार, उमर ने कहा कि वह और पॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडिया (PFI) के लोग ताहिर की वित्तीय मदद करेंगे।

