नई दिल्ली: भारतीय वायु सेना को जल्द ही स्वदेशी स्टील्थ ड्रोन मिल सकते हैं, जो अपने नाम की तरह ही दुश्मनों के लिए बड़े ‘घातक’ साबित होने वाले हैं। रक्षा अनुसंधान और विकास संगठन (DRDO) के चेयरमैन डॉ. समीर वी कामत ने एक कार्यक्रम में इस स्वदेशी अनमैन्ड प्लेटफॉर्म की कई सारी विशेषताएं साझा की हैं, जो ‘घातक’ अनमैन्ड कॉम्बैट एरियल व्हीकल (UCAV) की मारक क्षमता का संभावित अनुमान लगाने के लिए काफी है।
‘घातक स्टील्थ फाइटर जेट के समान होंगे’
एएनआई नेशनल सिक्योरिटी समिट 2.0 में डीआरडीओ चीफ डॉ. समीर वी कामत ने गुरुवार को कहा कि ‘घातक’ ड्रोन आकार-प्रकार और वजन में अत्याधुनिक फाइटर जेट की तरह होंगे; और तुलनात्मक तौर पर यह स्वेदशी हल्के लड़ाकू विमान (LCA) तेजस एमके1 की तरह होंगे
घातक ड्रोन को स्वदेशी कावेरी इंजन देंगे पंख
रक्षा खरीद परिषद से हालिया अनुमानित ₹39,000 करोड़ की मंजूरी मिलने से इस प्रोग्राम को नई गति मिली है।
सबसे गर्व की बात है कि डिफेंस डॉट इन के अनुसार घातक स्टील्थ ड्रोन को स्वदेशी कावेरी (ड्राई-डेरिवेटिव) इंजन से शक्ति मिलेगी।
49नॉट थर्स्ट की संभावित क्षमता की वजह से यह सबसोनिक स्टील्थ प्लेटफॉर्म के लिए पूरी तरह से फिट है।
इससे इसकी फ्यूल एफिशिएंसी भी ज्यादा होगी और यह ज्यादा देर तक उड़ान (करीब 8 घंटे) भी भर सकेंगे।
घातक ड्रोन के भीतरी हिस्से में लोड होंगे हथियार
- स्टील्थ क्षमता की वजह से घातक ड्रोन दुश्मनों की रडारों और मिसाइलों को चकमा देने में यह पूरी तरह से सक्षम होंगे। क्योंकि वे इनका भनक तक नहीं लगा पाएंगे।
- कुछ रिपोर्ट बताती हैं कि मुश्किल से मुश्किल चुनौतियों में भी यह खुद को ओझल रखने के काबिल होंगे।
- स्टील्थ प्रोफाइल कायम रखने के लिए इसके बाहरी हिस्से को पेलोड से पूरी तरह से अलग रखा जाएगा।
- इसकी जगह घातक ड्रोन में दो इंटरनल वेपन बे होंगे, जिनकी अनुमानित पेलोड क्षमता 1.5 टन की होगी।
दुनिया भर के अत्याधुनिक ड्रोन में शामिल होगा घातक
- घातक यूसीएवी की स्टील्थ क्षमता इसे प्रिसिजन गाइडेड मुनिशन्स, जैसे कि स्मार्ट एंटी-एयरफील्ड वेपन (SAAW) और एडवांस्ड ग्लाइड बम से हमला करने में सक्षम बनाती है, जो दुश्मन के इलाके में बिना भनक दिए हुए दूर तक घुसकर टारगेट को तबाह कर सकते हैं।
- घातक ड्रोन का आकार-प्रकार तेजस फाइटर जेट की तरह होने से यह दुनिया भर में भारी पेलोड लेकर दुश्मनों को टारगेट करने वाले अत्याधुनिक और हेवी-ड्यूटी स्ट्राइक ड्रोन की श्रेणी आ जाता है।
तेजस फाइटर जेट से कहीं ज्यादा इंधन भरने की क्षमता
- करीब 14 मीटर की लंबाई और 18 मीटर तक पंख के फैलाव से इसकी इंधन रखने की क्षमता बढ़ गई है, जो कि दूर तक हवा में बने रहने में इसे सक्षम बनाता है।
- ऊपर से इसमें न तो कॉकपिट होगा और ना ही पायलट के लिए लाइफ-सपोर्ट सिस्टम रखने वाली जगह की जरूरत, जिससे यह अपने आकार के फाइटर जेट से कहीं ज्यादा इंधन भर सकता है।
‘घातक ड्रोन’ सही मायने में दुश्मनों के लिए होंगे घातक
- कुल मिलाकर स्वदेशी इंजन का इस्तेमाल, हथियारों का पेलोड भीतर रखने की क्षमता और अत्याधुनिक स्टील्थ टेक्नोलॉजी डिफेंस एयरोस्पेस में भारत की क्षमता के लिए यह बहुत बड़ी सफलता है।

