नेपाल : नेपाल में विनाशकारी बाढ़ के बाद भारत का राहत और बचाव अभियान लगातार जारी है। विदेश मंत्रालय के अनुसार, अब तक 166 भारतीय नागरिकों को सुरक्षित निकाला जा चुका है, जिनमें बुधवार को बचाए गए तीन लोग भी शामिल हैं। वहीं, कैलाश मानसरोवर यात्रा और अन्य गतिविधियों के लिए तिब्बत स्वायत्त क्षेत्र गए 410 भारतीय नागरिक बुधवार को चीन से रवाना हो गए। भारत ने बुधवार को राहत सामग्री की पांचवीं खेप नेपाल भेजी।
भारतीय सुरंग बचाव दल ने अपना बेस त्रिशूली से स्याब्रुबेसी स्थानांतरित कर दिया है, जिससे चिलीमे सुरंग तक पहुंचने में कम समय लगेगा। नेपाली सेना के साथ संयुक्त अभियान के दौरान दल ने कीचड़ और मलबे से भरी सुरंग में लगभग 100 मीटर आगे तक पहुंचने में सफलता हासिल की।
एमईए ने बताया कि भारी मशीनरी पहुंचाने के लिए सुरंग तक अस्थायी सड़क बनाने की संभावना भी तलाश की जा रही है। बुधवार को भारत से पहुंचे 11 विशेषज्ञ त्रिशूली बाजार के पास पहुंच चुके हैं और गुरुवार से नेपाली सेना के साथ अभियान में शामिल होंगे। भारतीय फॉरेंसिक टीम काठमांडू की दो प्रयोगशालाओं में नेपाली विशेषज्ञों के साथ मिलकर डीएनए नमूनों की जांच और पहचान का काम कर रही है।

