New Delhi :चीनी कंपनी BYD ने बिक्री के मामले में टेस्ला को पीछे छोड़ दिया। BYD की साल 2025 में बैटरी से चलने वाली कारों की बिक्री लगभग 28% बढ़कर 22.5 लाख से अधिक हो गई।
वहीं इलॉन मस्क की कंपनी टेस्ला ने 2025 में कुल 16.4 करोड़ इलेक्ट्रिक वाहन बचे, जो 2024 के मुकाबले 9% कम है। टेस्ला की ब्रिक्री में लगातार दूसरे साल गिरावट आई है।
बिक्री घटने की दो बड़ी वजहें रिपोर्ट के अनुसार, टेस्ला की घटती बिक्री के पीछे दो मुख्य कारण हैं। पहला, एलन मस्क की दक्षिणपंथी राजनीति और उनके बयानों को लेकर ग्राहकों में नाराजगी है। इसे ‘कस्टमर रिवोल्ट’ यानी ग्राहकों का विद्रोह कहा जा रहा है। दूसरा कारण चीन और दूसरे विदेशी बाजारों में BYD जैसी कंपनियों से मिल रही कड़ी टक्कर है जो टेस्ला से कम कीमत पर अच्छे मॉडल्स ऑफर कर रही हैं।
बिक्री घटी, लेकिन शेयर 18% चढ़ा बिक्री में गिरावट और कई दूसरी चुनौतियों के बावजूद, टेस्ला का शेयर 2025 में लगभग 18% की बढ़त के साथ बंद हुआ। इसकी वजह निवेशकों का कंपनी के भविष्य के प्लान्स पर भरोसा है। निवेशक उम्मीद कर रहे हैं कि एलन मस्क रोबो टैक्सी सर्विस और ह्यूमनॉइड रोबोट्स के अपने वादों को पूरा करेंगे।
कंपनी का प्लान ऐसे रोबोट बनाने का है जो घरों और ऑफिस में बेसिक काम कर सकें। इन्हीं उम्मीदों के चलते शुक्रवार को प्री-मार्केट ट्रेडिंग में भी टेस्ला के शेयरों में करीब 2% की तेजी देखी गई।
BYD का पूरा नाम ‘बिल्ड योर ड्रीम्स’ है। यह चीन की एक मल्टीनेशनल कंपनी है जो ऑटोमोबाइल के अलावा बैटरी बनाने के लिए भी जानी जाती है। वॉरेन बफे की कंपनी बर्कशायर हैथवे ने भी इसमें निवेश किया है। कंपनी कम कीमत पर कई तरह के EV मॉडल पेश करती है, जिस वजह से यह चीन और दूसरे ग्लोबल मार्केट्स में तेजी से पॉपुलर हो रही है।
BYD ने भारत में सीलायन 7 की कीमत बढ़ाई चाइनीज ईवी कंपनी BYD ने भारत में अपनी लग्जरी इलेक्ट्रिक SUV सीलायन 7 की कीमतों में बढ़ोतरी का ऐलान किया है। कंपनी ने इसके बेस मॉडल यानी प्रीमियम वैरिएंट के दाम में 50,000 रुपए का इजाफा किया है। नई दरें 1 जनवरी 2026 से लागू हो गई हैं। हालांकि, 31 दिसंबर 2025 तक कार बुक करने वाले ग्राहकों को पुरानी कीमत पर ही मिलेगी।

